Saturday, July 11th, 2026

UP के बच्चों को मिलेगा वैश्विक मंच, योगी सरकार वाइल्ड विज्डम ग्लोबल चैलेंज-2026 से जोड़ेगी नई पीढ़ी

योगी सरकार बच्चों में बढ़ाएगी वैज्ञानिक समझ, वाइल्ड विज्डम ग्लोबल चैलेंज-2026 से जुड़ेगी नई पीढ़ी

- कक्षा 6 से 9 तक के विद्यार्थियों को अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रतिभा दिखाने का मिलेगा अवसर

- 15 अगस्त तक होंगे पंजीकरण, ई-लर्निंग सामग्री और विशेषज्ञों के मार्गदर्शन से होगी तैयारी

लखनऊ, 
 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार विद्यालयी शिक्षा को वैश्विक प्रतिस्पर्धा और पर्यावरणीय शिक्षा से जोड़ने की दिशा में नई पहल कर रही है। डब्ल्यूडब्ल्यूएफ-इंडिया (वर्ल्ड वाइड फंड फॉर नेचर-इंडिया) द्वारा आयोजित 'वाइल्ड विज्डम ग्लोबल चैलेंज-2026' के माध्यम से कक्षा 6 से 9 तक के विद्यार्थियों को समुद्री जैव विविधता, वन्यजीव संरक्षण और पर्यावरणीय चुनौतियों पर आधारित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भाग लेने का अवसर मिलेगा। प्रतियोगिता के माध्यम से विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, प्रकृति संरक्षण के प्रति संवेदनशीलता और वैश्विक दृष्टिकोण विकसित किया जाएगा। 

महानिदेशक स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक मोनिका रानी ने सभी जिलों को 15 अगस्त तक अधिकतम पात्र विद्यार्थियों का पंजीकरण सुनिश्चित कराने और प्रतियोगिता में व्यापक सहभागिता कराने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि परिषदीय विद्यालयों, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों, अशासकीय सहायता प्राप्त तथा मान्यता प्राप्त विद्यालयों तक प्रतियोगिता की जानकारी समयबद्ध ढंग से पहुंचाई जाए। पात्र विद्यार्थियों का निर्धारित अवधि में पंजीकरण सुनिश्चित कराया जाए तथा प्रतियोगिता के प्रत्येक चरण में उन्हें आवश्यक मार्गदर्शन और सहयोग उपलब्ध कराया जाए। विद्यालयों को भी विद्यार्थियों की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रेरित किया जाए।

योगी सरकार का मानना है कि ऐसी प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों को पुस्तकीय ज्ञान से आगे बढ़कर प्रकृति, जैव विविधता और पर्यावरण संरक्षण को व्यावहारिक रूप से समझने का अवसर देती हैं। इससे नई पीढ़ी भविष्य की वैश्विक पर्यावरणीय चुनौतियों के प्रति जागरूक, जिम्मेदार और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से संपन्न बनेगी। राष्ट्रीय शिक्षा नीति की भावना के अनुरूप यह पहल विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, पर्यावरणीय चेतना और वैश्विक दृष्टिकोण विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

समुद्री जैव विविधता पर रहेगा विशेष फोकस
इस वर्ष प्रतियोगिता की थीम 'एन ओशन ओडिसी : फ्रॉम द कोस्टलाइन टू द सीफ्लोर' निर्धारित की गई है। इसके माध्यम से विद्यार्थी समुद्री जैव विविधता, समुद्र के भीतर के जीव-जगत, जलीय जीवों की जीवन प्रक्रियाओं, उनके व्यवहार, समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र तथा पर्यावरणीय चुनौतियों का अध्ययन करेंगे। प्रतियोगिता विद्यार्थियों को महासागरों के संरक्षण, जैव विविधता के महत्व और जलवायु परिवर्तन जैसे विषयों को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से समझने का अवसर भी प्रदान करेगी।

ई-लर्निंग सामग्री और विशेषज्ञों के मार्गदर्शन से होगी तैयारी
प्रतियोगिता की तैयारी के लिए डब्ल्यूडब्ल्यूएफ-इंडिया की ओर से ई-लर्निंग अध्ययन सामग्री, ऑनलाइन अभ्यास मॉड्यूल, विषय विशेषज्ञों के विशेष सत्र तथा अन्य अध्ययन संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे। इससे विद्यार्थियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की विषयवस्तु को समझने और प्रतियोगिता की बेहतर तैयारी करने में सहायता मिलेगी।

पांच चरणों में होगी प्रतियोगिता
प्रतियोगिता का आयोजन विद्यालय, राज्य, जोनल, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पांच चरणों में किया जाएगा। इसकी शुरुआत विद्यालय स्तर की ऑनलाइन प्रतियोगिता से होगी। इसके बाद चयनित विद्यार्थी राज्य, जोनल और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। राष्ट्रीय स्तर पर विजेता टीम अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेगी। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों, शिक्षक समन्वयकों तथा विद्यालयों को ट्रॉफी, पदक, प्रमाणपत्र एवं अन्य पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे।

 

#Yogi

Source : Agency

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