Sunday, June 28th, 2026

उत्तर प्रदेश के शिक्षकों, स्पेशल एजुकेटर्स, टीचर एजुकेटर्स और अन्य हितधारकों की व्यापक सहभागिता सुनिश्चित करने के निर्देश

लखनऊ

 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का अधिकार किसी भी बच्चे की दिव्यांगता के कारण बाधित न हो। समावेशी शिक्षा को विद्यालय स्तर तक प्रभावी बनाने तथा विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ने के उद्देश्य से प्रदेशभर में शिक्षकों और शिक्षा से जुड़े हितधारकों का व्यापक क्षमता निर्माण अभियान चलाया जा रहा है। 

इसी क्रम में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 तथा दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम (आरपीडब्ल्यूडी एक्ट), 2016 के अनुरूप राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) एवं शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के तत्वावधान में 29 जून से 3 जुलाई 2026 तक बधिरान्धता (सुनने एवं देखने में संयुक्त अक्षमता) विषय पर पांच दिवसीय राष्ट्रीय ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। प्रदेश के सभी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों, जिला समन्वयकों (समेकित शिक्षा) तथा खंड शिक्षा अधिकारियों को अधिकतम सहभागिता सुनिश्चित कराने और प्रशिक्षण की जानकारी प्रत्येक विद्यालय तक पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।

समावेशी शिक्षा के लिए मिलेगा व्यावहारिक प्रशिक्षण

इस प्रशिक्षण का उद्देश्य शिक्षकों, स्पेशल एजुकेटर्स, टीचर एजुकेटर्स, शिक्षक शिक्षा के विद्यार्थियों, केयरगिवर्स तथा अन्य हितधारकों में बधिरान्धता (डेफ ब्लाइंडनेस) के संबंध में वैज्ञानिक समझ और संवेदनशीलता विकसित करना है। प्रशिक्षण के दौरान बधिरान्धता के कारणों, प्रभावी संप्रेषण विधियों, स्पर्श आधारित सांकेतिक संप्रेषण (टैक्टाइल साइनिंग), सहायक प्रौद्योगिकियों, आजीविका एवं आय-सृजन गतिविधियों तथा आवश्यक सहायता एवं समर्थन तंत्रों की जानकारी दी जाएगी। साथ ही बधिरान्ध बच्चों की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आत्मनिर्भरता, समावेशी विकास और सामाजिक सहभागिता को बढ़ावा देने के सम्बन्ध में विस्तार से चर्चा होगी।

प्रदेशभर के शिक्षक और हितधारक होंगे शामिल

प्रशिक्षण में विद्यालयों के सभी शिक्षक, स्पेशल एजुकेटर्स, टीचर एजुकेटर्स, शिक्षक शिक्षा के विद्यार्थी तथा अन्य हितधारक प्रतिभाग कर सकेंगे। प्रशिक्षण प्रतिदिन दोपहर 12:45 बजे से 1:45 बजे तक ऑनलाइन आयोजित होगा। इसका सीधा प्रसारण क्रमशः PM eVidya DTH ISL Channel no.31,  NCERT Official YouTube Channel और NCERT Events YouTube Channel पर किया जाएगा। प्रतिभागी केवल इन्हीं अधिकृत प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से लाइव सत्र से जुड़ सकेंगे। प्रशिक्षण हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में उपलब्ध रहेगा तथा इसमें भाग लेने के लिए कोई पंजीकरण शुल्क नहीं रखा गया है।

निःशुल्क पंजीकरण और एनसीईआरटी का ई-प्रमाणपत्र

प्रशिक्षण में भाग लेने के इच्छुक प्रतिभागियों के लिए एनसीईआरटी ने निःशुल्क ऑनलाइन पंजीकरण की व्यवस्था की है। प्रशिक्षण के उपरांत आयोजित ऑनलाइन क्विज़ में 70 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को एनसीईआरटी की ओर से ई-प्रमाणपत्र प्रदान किया जाएगा। जिला स्तर के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे व्हाट्सएप सहित अन्य माध्यमों से प्रशिक्षण और पंजीकरण लिंक की जानकारी सभी विद्यालयों, स्पेशल एजुकेटर्स, टीचर एजुकेटर्स तथा अन्य हितधारकों तक पहुंचाकर अधिकतम सहभागिता सुनिश्चित करें।

पंजीकरण लिंक
https://docs.google.com/forms/d/e/1FAIpQLSf7XvKW6uv_KeXoR6negX2HugmwXEEv7oFgd9inLR4aakj78g/viewform?usp=header

समावेशी शिक्षा को मिलेगा नया आधार

प्रदेश में निपुण भारत मिशन, समेकित शिक्षा, बालवाटिका और विशेष आवश्यकता वाले बच्चों की शिक्षा को सुदृढ़ बनाने के लिए लगातार ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। बधिरान्धता विषय पर आयोजित यह राष्ट्रीय प्रशिक्षण शिक्षकों की क्षमता वृद्धि के साथ विद्यालयों में समावेशी और संवेदनशील शिक्षण वातावरण को मजबूत करेगा। इससे विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को उनकी जरूरतों के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आत्मनिर्भरता और समान अवसर उपलब्ध कराने के प्रयासों को नई मजबूती मिलेगी तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के समावेशी शिक्षा संबंधी उद्देश्यों को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने में सहायता मिलेगी।

 

#quality education

Source : Agency

आपकी राय

7 + 12 =

पाठको की राय